समकालीन हिन्दी शोध् की स्थिति एवं सम्भावनाएँ
DOI:
https://doi.org/10.8855/5ve1ds77Abstract
समकालीन हिन्दी शोध् की स्थिती एवं सम्भावना जानने से पूर्व हमें शोध् क्या है? शोध् के पर्याय क्या है? शोध् का पूर्व इतिहास क्या है? आदि के बारे में जान लेना चाहिए।
शोध् शब्द शु( धतु में ;घ×ाद्ध प्रत्यय लगाने से बना है, जिसका शाब्दिक अर्थ है, शु(ि, शोध्न, स्पष्ट करना, परिमार्जन करना आदि विविध् अर्थों को प्रयुक्त किया जाता है। मनुस्मृति में शोध् शब्द का प्रयोग सन्देह को दूर करने के लिए हुआ है। स्नानादि से शरीर शु( होता है, नदी वेगवती रहकर शु( होती है और सत्य से मन शु( होता है, यह मन का संस्कारात्मक शोध्न है।
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2013-2026
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Articles
