डॉक्टर क्षमा शर्मा का व्यक्तित्व एवं कृतित्व
DOI:
https://doi.org/10.8855/12pkqj87Abstract
व्यक्तित्व एवं कृतित्व का संबंध अन्योन्याश्रित है । चाहे प्रत्यक्ष हो या अप्रत्यक्ष साहित्यकार के व्यक्तित्व का प्रतिबिंब उनके कृतित्व में निहित होती ही है । व्यक्तित्व में साहित्यकार की संवेदना ओं के साथ जन्म परिवार परिवेश परिवेश गत उनके अनुभव एवं प्रभाव, प्रभाव वक्त विशेषताएं समाहित होती है। साहित्यकार का व्यक्तित्व उसके समग्र कृतित्व के साथ जुड़ा हुआ रहता है। उनके उचित मूल्यांकन करने के लिए उनके व्यक्तित्व का परिचय होना आवश्यक है जिससे हम उनकी मनोवैज्ञानिक कथा एवं उनके दृष्टिकोण के आधार पर उनके समग्र साहित्य से परिचित होकर उनकी विशेषता क्या है उनके परिप्रेक्ष्य क्या है यह सब हम जान सकते हैं ।
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2013-2026
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Articles
